Budget 2021 News In Hindi, Highlights, Updates, Union Budget

नमस्कार दोस्तों, हम इस पोस्ट में share करने वाले हैं Budget 2021 News In Hindi, Budget 2021 News In Hindi, Highlights, Updates, Union Budget आदि के बारे में|

Budget 2021 News In Hindi

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का तीसरे साल का बजट पेश कर दिया है। बजट में शिक्षा के लिए वित्त मंत्री ने कई कई घोषणाएं कीं। उन्होनें कहा 100 नए सैनिक स्कूल खोले जाएंगे जिसके लिए प्राइवेट और एनजीओ की मदद ली जाएगी।


उन्होंने कहा कि हैदराबाद में जैसे 40 तरह के अलग-अलग संस्थान हैं, हम इस बात की कोशिश करेंगे की इनमें आपसी तालमेल बेहतर हो इसके लिए हम अंब्रैला बॉडी बनाएंगे। पिछली जाति और जनजातियों के लिए हम बेहतर व्यवस्था बनाएंगे। इसके लिए पहाड़ी इलाकों तथा आदिवासी क्षेत्रों के लिए भी अलग-अलग बज़ट रखा जाएगा। साथ ही वित्त मंत्री सीतारमण ने लद्दाख के लेह में सेंट्रल यूनिवर्सिटी बनाने की घोषणा की।Budget 2021 News In Hindi


उन्होंने कहा कि टेक्सटाइल के क्षेत्र में निवेश के बाद युवाओं को नौकरीयां मिलेगी। वहीं अब देश में कपड़ा उद्योग को बढ़ावा दिया जाएगा। इस साल एक्सपोर्ट पर पहले से ज्यादा ध्यान दिया जाएगा। 7400 प्रोजेक्ट्स शुरू किए जाएंगे। इस दौरान उन्होंने यह भी बताया कि इस साल मेडिकल के क्षेत्र में सबसे ज्यादा फोकस किया जा रहा है। जहाँ पिछले साल हेल्थ बजट 94000 करोड़ का था जो इस साल 2 लाख 38 हजार करोड़ कर दिया गया है। इससे मेडिकल के क्षेत्र में नौकरी की तलाश कर रहे युवाओं की भारी संख्या में भर्तियां भी होंगी।Budget 2021 News In Hindi

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Highlights of Union Budget 2021-22 in Hindi: वित्त वर्ष 2021-22 का बजट आज 1 फरवरी को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने पेश किया. इस बजट में उन्होंने कई बड़े ऐलान किए. बजट में वित्त मंत्री ने कई नई योजनाओं की घोषणाएं भी की. टैक्स स्लैब में कोई बदलाव तो नहीं हुआ है लेकिन 75 वर्ष से अधिक के बुजुर्गों को वित्त मंत्री ने इस budget में बड़ी राहत दी है.

Highlights of Budget 2021 News In Hindi

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Budget 2021 News In Hindi
  • यह बजट है आपदा में अवसर की तरह.
  • जल जीवन मिशन शहरी लॉन्च होगा. इसके तहत 2.86 करोड़ घरों को नल कनेक्शन दिए जाएंगे. 5 साल में 2.87 लाख करोड़ खर्च होंगे.
  • सप्लीमेंट्री पोषण कार्यक्रम और पोषण अभियान का विलय, मिशन पोषण 2.0 की शुरूआत होगी.
  • हेल्थ सेक्टर पर निवेश को बढ़ाया जा रहा है. पीएम आत्मनिर्भर स्वस्थ भारत योजना शुरू होगी. 6 साल में 64,180 करोड़ रुपये खर्च होंगे. नेशनल हेल्थ मिशन में एडिशन होगी. 7000 ग्रामीण व 11000 अर्बन हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर्स को भी सपोर्ट करेगी. साथ ही स्वास्थ्य देखभाल प्रणालियों की क्षमता का विकास होगा, नई बीमारियों का पता लगाने और ठीक करने के लिए भी संस्थानों का विकास होगा.
  • 17 नए पब्लिक हेल्थ यूनिट शुरू होंगे. देश में नए 75 हजार हेल्थ सेंटर बनाए जाएंगे.
  • 602 ब्लॉक में क्रिटिकल केयर अस्पताल बनेंगे.
  • अभी तक 5 राज्यों तक सीमित न्यूमोकॉकल वैक्सीन की सुविधा अब पूरे देश में होगी. इससे सालाना लगभग 50,000 बच्चों की मृत्यु को टाला जा सकेगा.
  • 11,41,676 करोड़ रुपये स्वच्छ भारत 2.0 अर्बन पर खर्च होंगे.
  • कोविड वैक्सीन के लिए 35 हजार करोड़ रुपये.
  • शहरी स्वच्छ भारत मिशन 2.0 की शुरुआत होगी. शहरी स्वच्छ भारत मिशन 2.0 को 2021 से 5 वर्ष की अवधि में 1,41,678 करोड़ रुपए के कुल वित्तीय आवंटन से कार्यान्वित किया जाएगा.Budget 2021 News In Hindi
  • वायु प्रदूषण की बढ़ती समस्या से निपटने के लिए 10 लाख से अधिक आबादी वाले 42 शहरी केंद्रों के लिए 2,217 करोड़ रुपये
  • इंटीग्रेटेड हेल्थ इंफो पोर्टल मजबूत करेंगे.
  • वॉलंटरी व्हीकल स्क्रैपिंग पॉलिसी का एलान. 20 साल पर्सनल वेहिकल, 15 साल कमर्शियल वेहिकल पुराने यानी अनफिट माने जाएंगे.
  • 4 नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वॉयरोलॉजी बनेंगे.
  • ऑटोमेटेड फिटनेस सेंटर बनेंगे.
  • मेगा इन्वेस्टमेंट टेक्सटाइल पार्क स्कीम लॉन्च होगी. 7 टेक्सटाइल पार्क 3 साल में बनाएंगे.
  • एयर क्लीन के लिए 5 साल में 2 हजार करोड़ रुपये.
  • रेलवे के लिए राष्ट्रीय रेल योजना 2030.
  • परिवहन मंत्रालय को 1.18 लाख करोड़ रुपये.
  • मेट्रो के लिए 11 हजार करोड़ रुपये का प्रस्ताव. दो तरह की मेट्रो सेवा शुरू होगी, मेट्रो लाइट और मेट्रो नियो सेवा. टियर 1 और टियर 2 के लिए मेट्रो सेवा.
  • रेलवे के लिए 1 लाख 10 हजार 55 करोड़ रुपये. रेलवे में मेक इन इंडिया पर जोर होगा.
  • पब्लिक बस के लिए 18 हजार करोड़ रुपये
  • अगले साल 8500 किमी सड़क का निर्माण होगा. बंगाल में नई सड़कों के लिए 25 हजार करोड़ रुपये. असम में सड़कों के लिए 35 हजार करोड़ रुपये. कोलकाता-सिलिगुड़ी रोड का अपग्रेडेशन. तमिलनाडु में हाइवे के लिए 1 लाख करोड़ रुपये,
  • कन्याकुमारी कोरिडोर के लिए 65 हजार करोड़ रुपये.
  • वित्त वर्ष 2021-22 में पीपीपी मोड में प्रमुख बंदरगाहों द्वारा पेश किए जाने वाले सात करोड़ से अधिक की सात बंदरगाह परियोजनाएं.
  • पीएम मोदी द्वारा की नवंबर 2020 में तीसरे रीइंवेस्ट सम्मेलन में घोषणा के अनुसार व्यापक राष्ट्रीय हाइड्रोजन ऊर्जा मिशन शुरू किया जाएगा. इससे हरित ऊर्जा स्रोतों से हाइड्रोजन उत्पन्न करने में मदद मिलेगी.
  • संभावित भू-क्षेत्र अवसंरचना परिसंपत्तियों की एक राष्ट्रीय मुद्रीकरण पाइपलाइन शुरू की जाएगी, संपत्ति मोनेटाइजेशन डैशबोर्ड बनाया जाएगा जो प्रगति को जांचने और निवेशकों को सुविधा प्रदान करने संबंधी कार्य को ट्रैक करेगा.
  • बिजली को लेकर बड़ा ऐलान. ग्राहक बिजली कंपनी खुद चुन सकेगा.
  • कॉरपोरेट बॉन्ड मार्केट के लिए परमानेंट इंस्टीट्यूशन फ्रेमवर्क बनेगा. गोल्ड एक्सचेंज के लिए सेबी रेगुलेटर होगा. इन्वेस्टर चार्टर का एलान.
  • इंश्योरेंस एक्ट 1938 में संशोधन. इंश्योरेंस कंपनियों में 74 फीसदी तक एफडीआई को अनुमति.
  • पीएसबी का रिकैपिटलाइजेशन: 20000 करोड़ रुपये नए वित्त वर्ष में डाले जाएंगे.
  • डूबे कर्जों को लेकर सरकार का बड़ा ऐलान. डूबे कर्जों पर मैनेजमेंट कंपनी बनेगी. बैंक डूबने पर अब 1 लाख रुपये की बजाय 5 लाख रुपये तक मिलेंगे.
  • सरकारी बैंकों को 20 हजार करोड़ की मदद.
  • उज्ज्वला स्कीम से 1 करोड़ परिवार और जोड़े जाएंगे. 100 नए शहर गैस वितरण से जोड़े जाएंगे.
  • अगले साल कई पीएसयू का विनिवेश होगा और इसकी प्रक्रिया में तेजी लाई जाएगी.बीपीसीएल का विनिवेश अगले वित्त वर्ष में होगा.
  • बजट 6 स्तंभों पर टिका है. पहला स्तंभ- स्वास्थ्य और कल्याण, दूसरा-भौतिक और वित्तीय पूंजी और अवसंरचना, तीसरा-आकांक्षी भारत के लिए समावेशी विकास, मानव पूंजी में नवजीवन का संचार करना, 5वां-नवाचार, अनुसंधान और विकास, 6वां-न्यूनतम सरकार और अधिकतम शासन.
  • वित्तीय घाटे का लक्ष्य 6.9 फीसदी से बढ़ाकर 9.5 फीसदी किया गया.
  • स्वामित्व योजना के तहत 1.8 लाख लोगों को कार्ड मिला है. 2021 में सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को इसके दायरे में लाया जाएगा.
  • असंगठित क्षेत्र के मजदूरों के लिए एक पोर्टल बनेगा. इसके अलावा बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन वर्कर के लिए हेल्थ, हाउसिंग और फूड स्कीम शुरू होगी.
  • ऑपरेशन ग्रीन स्कीम में टमाटर, प्याज और आलू के अलावा 22 पेरिशेबल क्रॉप्स को शामिल किया जाएगा.
  • कुछ सामानों पर एग्रीकल्चर इन्फ्रा सेस लगाया जाएगा. इसका लाभ किसानों को दिया जाएगा.
  • एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर फंड बनेगा. 40 हजार करोड़ रुपये का आवंटन. एपीएमसी को एग्री फंड के दायरे में लाया जाएगा.
  • ई-एनएएम के लिए 1 हजार नई मंडियां.
  • मछली कारोबार के लिए 5 नए बंदरगाह
  • 31 राज्यों में वन नेशन वन कार्ड लागू. 71 करोड़ लोगों तक वन नेशन वन कार्ड. राशन कार्ड पोर्टेबिलिटी लाया जाएगा.
  • कृषि उत्पाद के निर्यात में 22 और उत्पाद होंगे शामिल
  • एमएसएमई की मजबूती के लिए 15 हजार करोड़ रुपये.
  • माइक्रो इरिगेशन फंड के लिए 5हजार करोड़ रुपये.
  • महिला हर शिफ्ट में काम कर सकेंगी.
  • सभी मजदूरों को न्यूनतम वेतन दिया जाएगा.
  • 100 से अधिक नए सैनिक स्कूल खोले जाएंगे.
  • लेह में नया केंद्रीय विश्वविद्यालय खुलेगा.
  • 750 एकलव्य रेजिडेंशियल स्कूल आदिवासी इलाकों में बनेंगे.
  • 15 हजार से अधिक स्कूलों में गुणवत्ता में सुधार किया जाएगा
  • अनुसूचित जाति के लिए स्कॉलरशिप स्कीम. 35219 करोड़ का आवंटन, 4 करोड़ शेड्यूल कॉस्ट स्टूडेंट्स को फायदा मिलेगा.
  • उच्च शिक्षा के लिए कमीशन बनाया जाएगा.
  • डिजिटल पेमेंट को प्रमोट करने के लिए इसेंटिव स्कीम का एलान. 1500 करोड़ रुपये का आवंटन.
  • प्रवासी मजदूरों के लिए खाद्य सुरक्षा योजना.
  • नेशनल नर्सिंग एंड मिडवाइफरी कमीशन बनेगा. जनसंख्या की गणना डिजिटली होगी जो देश की पहली डिजिटल जनगणना होगी.
  • 1000 करोड़ रुपये टी वर्कर्स के लिए स्पेशल स्कीम के जरिए. इसका फायदा असम व पश्चिम बंगाल के टी वर्कर्स को मिलेगा.
  • 2021—22 वित्त वर्ष में वित्तीय घाटा जीडीपी का 6.8 फीसदी रहने का अनुमान. मार्केट से ग्रॉस बॉरोइंग 12 लाख करोड़ रुपये रहेगी. 2020-21 में वित्तीय घाटा 9.5 फीसदी रहा.
  • इमरजेंसी फंड 30 हजार करोड़ रुपये.
  • 75 वर्ष से अधिक उम्र के ऐसे सीनियर सिटीजन जो केवल पेंशन और जमा से ब्याज पाते हैं उन्हें टैक्स से राहत.
  • हाउसिंग लोन पर मिली 1.5 लाख रुपये तक की अतिरिक्त राहत को और एक साल के लिए बढ़ाया जा रहा है.
  • 3 साल पुराने टैक्स मामले नहीं खुलेंगे. गंभीर मामलों में 10 साल से पुराने टैक्स मामले खोले जाएंगे.
  • स्टार्टअप के लिए टैक्स छूट अतिरिक्त एक साल बढ़ी. स्टार्टअप्स के लिए टैक्स हॉलिडे का दावा करने के लिए 31 मार्च 2022 तक तक का वक्त रहेगा.
  • कस्टम ड्यूटी के मामले  में 400 पुरानी छूटों का रिव्यू किया जाएगा. 1 अक्टूबर से नए कस्टम ड्यूटी स्ट्रक्चर को लागू किए जाने की कोशिश की जाएगी.
  • मोबाइल फोन के कुछ पार्टस पर अब शून्य की बजाय 2.5 फीसदी कस्टम ड्यूटी होगी. कॉपर पर ड्यूटी घटाकर 2.5 फीसदी. स्टील पर ड्यूटी घटाकर 7.5 फीसदी. अब स्टील स्क्रू पर 10 की बजाय 15 फीसदी ड्यूटी होगी. सोने-चांदी पर कस्टम ड्यूटी घटाई गई. कॉटन पर कस्टम ड्यूटी बढ़ाकर 10 फीसदी. चुनिंदा लेदर कस्टम ड्यूटी से बाहर. कुछ ऑटो पॉर्ट्स पर ड्यूटी बढ़ेगी.

कोरोना संकट में नौकरियां चले जाने या सैलरी कटौती से मध्यम वर्ग काफी परेशान हुआ है. इस बजट से कॉरपोरेट जगत खुश है, शेयर बाजार बमबम है, लेकिन मध्यम वर्ग…को कुछ खास नहीं मिला है. व्यक्तिगत आयकर में कोई बदलाव नहीं किया गया हैBudget 2021 News In Hindi

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इस बजट से कॉरपोरेट जगत खुश है, शेयर बाजार बमबम है, लेकिन मध्यम वर्ग को कुछ खास नहीं मिला है. व्यक्तिगत आयकर में कोई बदलाव नहीं किया गया है, सबसे ज्यादा 80 सी में बदलाव की मांग की जा रही थी, लेकिन उसमें भी कुछ नहीं किया गया है. हालांकि छोटे निवेशकों को राहत देने के लिए कुछ ऐलान किये गए हैं. टैक्स के मामले में सिर्फ ये प्रमुख ऐलान दिख रहा है कि 75 साल या उससे ऊपर के सीनियर सिटीजन को इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की जरूरत नहीं होगी. यह सिर्फ उन लोगों के लिए होगा जिनकी सिर्फ पेंशन और ब्याज से आय होती है.Budget 2021 News In Hindi

बैंक डूबने पर समय से मिलेगा पैसा वित्त मंत्री ने कहा कि किसी बैंक के डूबने पर जमाकर्ताओं से समय से और आसानी से पैसा वापस मिल जाए इसके लिए संशोध‍ित व्यवस्था बनाई जाएगी. गौरतलब है कि पिछले साल के बजट में बैंक जमा पर बीमा को 1 लाख से बढ़ाकर 5 लाख किया गया था. इसका मतलब यह है कि किसी बैंक के डूबने पर जमाकर्ताओं को अधिकतम 5 लाख रुपये वापस मिलेंगे.Budget 2021 News In Hindi

ई-कॉमर्स कर्मचारियों को भी ESI का फायदा वित्त मंत्री ने कहा कि गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स को भी कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESI) के तहत लाया जाएगा. इसका मतलब है कि फ्रीलांस वर्क करने वाले और ई-कॉमर्स कंपनियों के कर्मचारियों को भी इसका फायदा मिल सकता है.Budget 2021 News In Hindi

फेसलेस एसेसमेंट में और राहत सरकार ने फेसलेस असेसमेंट में और तेजी लाने के लिए कहा है कि इसके लिए एक डिस्प्यूट रील्यूशन कमिटी बनाई जाएगी. जिन लोगों की टैक्सेबल इनकम 50 लाख रुपये और डिस्प्यूट इनकम 10 लाख रुपये तक है वे इस कमिटी में संपर्क कर सकते हैं. वित्तीय उत्पादों के लिए इनवेस्टमेंट चार्टर वित्तीय उत्पादों के की बिक्री में धोखाधड़ी को कम से कम करने के लिए वित्त मंत्री ने एक इनवेस्टमेंट चार्टर बनाने का ऐलान किया है.

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इस चार्टर का फायदा सभी तरह के वित्तीय उत्पादों के निवेशकों को मिलेगा. इसके तहत निवेशक धोखाधड़ी के बारे में श‍िकायत कर सकेंगे और उन्हें जल्द समाधान देने की कोश‍िश की जाएगी. होम लोन के ब्याज पर राहत को आगे बढ़ाया गया सरकार ने सबको किफायती मकान देने के अभ‍ियान को और तेजी देते हुए इसके लिए मिलने वाले हाउिसंग लोन ब्याज छूट को 21 मार्च 2022 तक बढ़ा दिया है. यह फायदा उन लोगों को मिलेगा जो 31 मार्च, 2022 तक किफायती मकान खरीदेंगे.Budget 2021 News In Hindi

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जीरो कूपन बॉन्ड वित्त मंत्री ने छोटे निवेशकों के लिए निवेश के लिए एक नए साधन जीरो कूपन बॉन्ड लाने का ऐलान किया है. टैक्स बचत करने वाले इन बॉन्ड से सरकार को इन्फ्रास्ट्रक्चर पर होने वाले खर्च के लिए रकम जुटाने में मदद मिलेगी. कोरोना संकट में नौकरियां चले जाने या सैलरी कटौती से मध्यम वर्ग काफी परेशान हुआ है. Budget 2021 News In Hindi

सरकार ने जो करीब 30 लाख करोड़ रुपये के राहत पैकेज पिछले साल दिए उसमें से मध्यम वर्ग को कुछ खास नहीं मिला. इसलिए अब मध्यम वर्ग को बजट से काफी उम्मीदें थीं. क्या नहीं मिला कई साल से यह मांग की जा रही थी कि बेसिक टैक्स छूट सीमा 2.5 लाख से बढ़ाकर 5 लाख कर देनी चाहिए.Budget 2021 News In Hindi

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सरकार ने साल 2019-20 के बजट में 2.5 से 5 लाख रुपये तक की आय वालों के लिए 12,500 की विशेष छूट देकर 5 लाख तक की आय को करमुक्त करने की कोश‍िश की है, लेकिन स्थायी रूप से 5 लाख रुपये तक की आय को करमुक्त करने की मांग की जा रही थी. लेकिन इस पर वित्त मंत्री ने कुछ नहीं किया.

स्टैंडर्ड डिडक्शन लिमिट: एक और मांग यह की जा रही थी कि स्टैंडर्ड डिडक्शन को बढ़ाया जाए. अभी तक ऐसा डिडक्शन 50 हजार रुपये तक का मिलता है. इसे बढ़ाकर कम से कम 75,000 रुपये करने की मांग की जा रही थी. जानकारों का कहना है कि कोरोना संकट की वजह से लोगों ने काफी मुश्किलों का सामना किया है.Budget 2021 News In Hindi

महंगाई की वजह से इलाज के खर्चे काफी बढ़ गए हैं और वर्क फ्रॉम होम करने की वजह से नौकरीपेशा लोगों का बिजली और अन्य यूटिलिटी पर खर्च लागत काफी बढ़ गया है. ले‍किन इस पर भी कुछ नहींं किया गया. इसी तरह आयकर की धारा 80सी के तहत मिलने वाली छूट को बढ़ाकर 1.5 से 3 लाख रुपये तक करने की मांग की जा रही थी, लेकिन इसमें भी कुछ नहीं हुआ.

वर्क फ्रॉम होम वालों को नहीं मिला फायदा: कोरोना संकट के बीच वर्क फ्रॉम होम न्यू नॉर्मल बन गया है. इसकी वजह से तमाम नौकरीपेशा लोगों का खर्च बढ़ गया है.जानकार कहते हैं कि कर्मचारियों के अतिरिक्त खर्चों को बहुत सी कंपनियों ने रीइम्बर्स किया है, लेकिन ऐसे रीइम्बर्समेंट पर टैक्स लगता है. इसलिए यह उम्मीद की जा रही थी कि ऐसे रीबेट यानी डिडक्शन की व्यवस्था की जाएगी ताकि ऐसे खर्चों पर टैक्स की बचत हो सके.Budget 2021 News In Hindi

इस पर भी कुछ नहीं हुआ. होम लोन पर अतिरिक्त टैक्स राहत: होम लोन पर मिलने वाले टैक्स छूट का दायरा बढ़ाने की भी मांग की जा रही थी. आयकर की धारा 80सी के तहत 1.5 लाख रुपये तक की सीमा में होम लोन का मूलधन आता है. इस सीमा को बढ़ाने की मांग थी. इसी तरह धारा 24 बी के तहत 2 लाख रुपये के ब्याज भुगतान पर टैक्स छूट का फायदा मिलता है, इसे भी बढ़ाए जाने की मांग थी. इस पर कुछ नहीं हुआ बस किफायती मकान पर ब्याज सब्स‍िडी को एक साल के लिए आगे बढ़ा दिया गया.Budget 2021 News In Hindi

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हेल्थ इंश्योरेंस प्रीमियम पर छूट: कोरोना महामारी ने हेल्थ इंश्योरेंस का महत्व लोगों को समझा दिया है और इसके प्रति जागरूकता बढ़ी है. बहुत सी कंपनियां अनिवार्य रूप से अपने कर्मचारियों को हेल्थ इंश्योरेंस कवर देती हैं. आयकर की धारा 80 डी के मुताबिक सामान्य तौर पर किसी व्यक्ति के अपने और परिवार के लिए 50 हजार रुपये तक के प्रीमियम को टैक्स फ्री रखा जाता है. पेरेंट्स सीनियर सिटीजन हैं तो यह 75 हजार और सभी सीनियर सिटीजन हैं तो अध‍िकतम 1 लाख रुपये तक के प्रीमियम को टैक्स फ्री रखा जाता है. लेकिन ज्यादातर लोग 50 हजार रुपये तक के प्रीमियम पर छूट का फायदा उठा पाते हैं.Budget 2021 News In Hindi

अब हेल्थ खर्च काफी बढ़ गए हैं, इसलिए अपने परिवार के लिए अच्छे हेल्थ कवर के साथ बीमा लेते हैं और इसके लिए साल में उन्हें अच्छी रकम प्रीमियम के रूप में देनी पड़ती है. इसकी वजह से ऐसी उम्मीद की जा रही थी कि बजट में धारा 80डी के तहत बीमा प्रीमियम पर मिलने वाली टैक्स छूट की ऊपरी सीमा को बढ़ाया जा सकता है. खासकर 50 हजार वाले वर्ग के लिए इसे बढ़ाकर 75 हजार रुपये तक करने की मांग की जा रही थी. लेकिन इस पर भी वित्त मंत्री ने कुछ नहीं किया.Budget 2021 News In Hindi

पिछले बजट में क्या मिला था

पिछले साल के बजट 2020-21 में इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए 103 लाख करोड़ का आवंटन हुआ था। वहीं 5 नए स्मार्ट शहर बनाने की दूरदृष्टि से अफोर्डेबल हाउसिंग में उपभोक्ताओं का विश्वास बढ़ाने की बात हुई थी। पिछले साल भी बजट में अफोर्डेबल हाउसिंग लोन के ब्याज पर अतिरिक्त 1.5 लाख रुपये के टैक्स लाभ को एक साल के लिए बढ़ाया गया था। याद रखना होगा कि नोटबंदी के बाद से ही यह सेक्टर काफी मुश्किलों से जूझ रहा है। वहीं कोरोना ने तो जैसे ठहराव जैसा ला दिया है। यहां तक कि महानगरों में भी संपत्ति के दाम इतनी तेजी से नहीं बढ़ रहे हैं।Budget 2021 News In Hindi  

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